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कुनिहार के साथ लगतीं 10 पंचायते जो 60 साल से पूर्ण गठन के दौरान उनी सीमा में बंदी है ,को कुनिहार में शामिल कर कुनिहार को तहसील का दर्जा देने की माँग ।

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कुनिहार
कुनिहार विकास सभा के प्रधान धनीराम तनवर एवं समस्त कार्यकारिणी भागमल तनवर, बाबूराम तंनवर, संतराम ,जगदीश ठाकुर ,देवी राम मेहता ,धर्म सिंह ,बलबीर चौधरी ,प्रेम चौधरी ,मोहन सिंह चौधरी, नागेंद्र ठाकुर ,सनी राघव ,ओम प्रकाश ठाकुर, ज्ञान ठाकुर ,दीप राम ठाकुर इत्यादि ने अपने संयुक्त बयान में कहा है कि सरकार ने जो घोषणा तहसील सबडिवीजन व जिलों के बनाने के बारे घोषणा की है उसके मुताबिक पूरी कार्यकारिणी ने सरकार व आयोग जो इस कार्य के लिए बनाया गया है से मांग करते हैं कि कुनिहार के साथ लगती करीब 10 पंचायते ऐसी है जो साल 1966 के पुनर्गठन के दौरान से जिन्हें 60 साल से सोलन व तहसील कसौली अपने राजस्व कार्य के लिए जाना पड़ता है जो कि पंजाब सरकार के समय से ही उन्ही नियमों में बंधी है उनकी मांग है कि उन्हें सोलन व कसौली की बजाय जो इन्हें करीब 60 किलोमीटर की दूरी पर पड़ती है और कुनिहार सब तहसील जो एक डेढ़ किलोमीटर पर पड़ती है ,जाबल झमरोट, पटा बराबरी हरिपुर जाडली वडलग बुगार कैनता जाडला बगैरा को सब तहसील कुनिहार में मिलाकर कुनिहार को तहसील का दर्जा दिया जाना चाहिए ताकि हमें एक डेढ़ किलोमीटर के अंदर अपने राजस्व कार्य करने में आसानी हो जिसमें हमारा समय व पैसा बर्बाद ना हो और हमारा जो पुराने नियम है उसके मुताबिक हमें 60 किलो मीटर जाना पड़ता है जबकि कई बार सरकार से मांग की गई कि जब विशाल हिमाचल बना है तो सीमाओं का पूर्ण गठन भी होना चाहिए ताकि लोगों को अपने नजदीक अपने राजस्व कार्यों के लिए नजदीकी तहसील में अपने सभी कार्य करवा सके। सरकार व आयोग से आग्रह है कि इस कार्य को करते हुए उनकी जो दिक्कतें हैं उन्हें भी नजर अंदाज न किया जाए।

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