दाड़लाघाट:-पंचायत रौड़ी के श्री नर्मदेश्वर महादेव मंदिर गांव खाता में आयोजित सात दिवसीय श्रीमद भागवत कथा का श्रद्धा, भक्ति और धार्मिक उल्लास के साथ समापन हो गया। समापन अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने कथा श्रवण कर धर्म लाभ प्राप्त किया। कथावाचक राधारसिक पंडित नरेन्द्र गौतम जी महाराज ने कथा के अंतिम दिन परीक्षित मोक्ष प्रसंग का मार्मिक वर्णन किया। उन्होंने बताया कि श्रीमद भागवत कथा मनुष्य को सत्य, धर्म और भक्ति के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देती है। महाराज जी ने कहा कि राजा परीक्षित ने जीवन के अंतिम समय में भगवान की भक्ति और कथा श्रवण के माध्यम से मोक्ष की प्राप्ति की, जिससे यह संदेश मिलता है कि ईश्वर का स्मरण और सत्संग मानव जीवन को सफल बनाते हैं। उन्होंने श्रद्धालुओं से अपने जीवन में सदाचार, सेवा और धर्म को अपनाने का आह्वान किया। कथा समापन के अवसर पर विशेष हवन-यज्ञ एवं पूर्णाहुति का आयोजन किया गया, जिसमें श्रद्धालुओं ने क्षेत्र की सुख-समृद्धि, शांति और खुशहाली की कामना की। इसके उपरांत विशाल भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें सैकड़ों श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। आयोजकों ने कथा को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी श्रद्धालुओं, ग्रामवासियों एवं सहयोगियों का आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर पूर्व उपप्रधान दाड़लाघाट राजेश गुप्ता, पंचायत प्रधान रौड़ी मधु बाला, उपप्रधान मदन शर्मा, अदाणी समूह के अंबुजा प्लांट दाड़लाघाट के यूनिट हेड सुनील चौधरी, एचआर हेड पदम, क्षेत्रीय कार्यक्रम प्रबंधक संजय शर्मा, अनिल, पंचायत सदस्य संजय शर्मा, श्याम लाल, लाली, पंचायत सचिव धनी राम, सिलाई अध्यापिका मीरा सहित क्षेत्र के गणमान्य नागरिक, ग्रामवासी तथा राधा रसिक मंच (ट्रस्ट) के सदस्य उपस्थित रहे।






