अर्की :- अमेरिका के शिकागो में आयोजित NCSL 2026 Legislative Summit में हिमाचल प्रदेश का प्रतिनिधित्व करने के बाद अर्की के विधायक एवं मुख्य संसदीय सचिव संजय अवस्थी ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय स्तर के ऐसे सम्मेलन जनप्रतिनिधियों को दुनिया के विभिन्न हिस्सों में अपनाई जा रही आधुनिक व्यवस्थाओं, नीतियों और तकनीकों को समझने का महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करते हैं। उन्होंने कहा कि सम्मेलन के दौरान प्राप्त अनुभवों को हिमाचल की परिस्थितियों के अनुरूप प्रदेश के विकास और जनहित में उपयोग करने का प्रयास किया जाएगा।

संजय अवस्थी ने बताया कि National Conference of State Legislatures (NCSL) द्वारा आयोजित इस सम्मेलन में विभिन्न देशों और राज्यों के विधायकों, नीति-निर्माताओं तथा विशेषज्ञों ने भाग लिया। सम्मेलन में शासन व्यवस्था, कानून निर्माण, जनकल्याण, तकनीकी नवाचार और बदलती वैश्विक परिस्थितियों सहित अनेक महत्वपूर्ण विषयों पर विचार-विमर्श हुआ।
उन्होंने कहा कि सम्मेलन में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं और आधुनिक शासन व्यवस्था जैसे विषय विशेष रूप से महत्वपूर्ण रहे। विभिन्न देशों और राज्यों के प्रतिनिधियों ने अपने अनुभव साझा किए तथा यह चर्चा हुई कि आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल किस प्रकार आम लोगों तक बेहतर सेवाएं पहुंचाने में किया जा सकता है।

अवस्थी ने कहा कि हिमाचल प्रदेश की भौगोलिक परिस्थितियां चुनौतीपूर्ण हैं। प्रदेश का बड़ा हिस्सा ग्रामीण और पहाड़ी क्षेत्रों में आता है, जहां स्वास्थ्य, शिक्षा, सड़क, डिजिटल कनेक्टिविटी और प्रशासनिक सेवाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना अपने आप में बड़ी चुनौती है। ऐसे में दुनिया के अन्य हिस्सों में अपनाए जा रहे सफल मॉडलों का अध्ययन हिमाचल के लिए उपयोगी हो सकता है।
उन्होंने कहा कि AI और डिजिटल तकनीक का सही उपयोग प्रशासन को अधिक पारदर्शी, जवाबदेह और जनसुलभ बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। वहीं ग्रामीण स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत करने के लिए तकनीक के माध्यम से विशेषज्ञ सेवाओं को दूरदराज के क्षेत्रों तक पहुंचाने की संभावनाओं पर भी गंभीरता से विचार किया जाना चाहिए।
विधायक ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन में भाग लेने का उद्देश्य केवल जानकारी प्राप्त करना नहीं, बल्कि वहां सामने आए अच्छे विचारों को अपनी परिस्थितियों के अनुरूप अपनाना होना चाहिए। उन्होंने कहा कि हिमाचल जैसे पहाड़ी राज्य के लिए दूसरे राज्यों और देशों के अनुभवों से सीख लेकर स्थानीय जरूरतों के अनुसार नई नीतियां और व्यवस्थाएं विकसित की जा सकती हैं।
उन्होंने NCSL Summit को जनप्रतिनिधियों के लिए अनुभव और ज्ञान के आदान-प्रदान का महत्वपूर्ण मंच बताते हुए कहा कि ऐसे आयोजनों से लोकतांत्रिक संस्थाओं को मजबूत करने और बेहतर शासन की दिशा में नई सोच विकसित होती है।
अवस्थी ने कहा कि शिकागो में मिली जानकारी और अनुभवों को हिमाचल तथा विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों के विकास के संदर्भ में उपयोगी बनाने की दिशा में प्रयास किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि प्रदेश की जनता को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध करवाना ही जनप्रतिनिधियों की प्राथमिकता होनी चाहिए।






